वो कमाई भी हे क्या कमाई
जब साथ ना हो तुम्हारी आई
इसी बात की खुशी मैं मनाता हूँ
शाम ढलते ही माँ के पास आ जाता हूँ
माँ के आँचल की बराबरी पैसों में नही
और उस कमाई की गिनती कैंसो में नही
-अनिरूद्ध शर्मा
जब साथ ना हो तुम्हारी आई
इसी बात की खुशी मैं मनाता हूँ
शाम ढलते ही माँ के पास आ जाता हूँ
माँ के आँचल की बराबरी पैसों में नही
और उस कमाई की गिनती कैंसो में नही
-अनिरूद्ध शर्मा
2 टिप्पणियाँ
For your amazing writing talent, I have nominated you for the 'One Lovely Blog Award'. Check out my post for more.
जवाब देंहटाएंhttps://straightthroughheart.wordpress.com/2015/10/20/one-lovely-blog-award/
Keep up the good work. God Bless!
धन्यवाद
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